स्टार एग्रीसीड्स कंपनी द्वारा विकसित मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 महज 90-95 दिनों में तैयार हो जाती है. रोग और कीट प्रतिरोधक क्षमता होने के कारण इसमें रोग और कीट जल्दी नहीं लगते हैं. वही प्रति एकड़ 25 से 30 क्विंटल तक की उपज मिलती है.
इस खरीफ सीजन में कम समय और कम लागत में मक्के की खेती कर आप भी बंपर उत्पादन प्राप्त करना चाहते हैं, तो देश की अग्रणी बीज निर्माता कंपनी स्टार एग्रीसीड्स की स्टार 33 किस्म की खेती कर सकते हैं.
स्टार एग्रीसीड्स कंपनी द्वारा विकसित मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 की खेती करने से किसानों को न सिर्फ कम समय में अधिक उपज मिलती है बल्कि इसमें रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक होने की वजह से खेती की लागत में भी कमी आती है. ऐसे में आइए स्टार एग्रीसीड्स द्वारा विकसित की गई स्टार 33 किस्म के बारे में विस्तार से जानते हैं-
मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 की मुख्य विशेषताएं
स्टार 33 किस्म की उत्पादन क्षमता: मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 को उच्च उत्पादन देने के लिए विकसित किया गया है ताकि किसानों को ज्यादा से ज्यादा उपज मिल सके. वही स्टार 33 किस्म से किसानों को प्रति एकड़ 25 से 30 क्विंटल तक की उपज मिलती है.
स्टार 33 किस्म की तैयार होने की अवधि: मक्के की यह उन्नत किस्म महज 90-95 दिनों में तैयार हो जाती है जिससे किसानों को एक साल में कई बार खेती करने का मौका मिल जाता है.
स्टार 33 किस्म में रोग और कीट प्रतिरोधक क्षमता: आमतौर में मक्के की फसल में कई कीड़े और रोग लगते हैं. लेकिन स्टार 33 किस्म में रोग और कीट प्रतिरोधक क्षमता होने के कारण रोग और कीट जल्दी नहीं लगते हैं. नतीजतन, फसल में लागत कम लगती है और उपज ज्यादा सुनिश्चित होती है.
स्टार 33 किस्म में शैलिंग प्रतिशत: मक्के की स्टार 33 किस्म में शैलिंग प्रतिशत 85 प्रतिशत से अधिक होने की वजह से बाजार में कीमत अच्छी मिलती है. दरअसल, मक्के की जिस किस्म की शैलिंग प्रतिशत अधिक होती है उसके दाने भुट्टे से आसानी से अलग हो जाते हैं जिससे किसानों को उपज को बेचने में आसानी होती है उनकी उपज की कीमत भी बढ़ जाती है.
स्टार 33 किस्म की बाजार में मिलता है अधिक मूल्य: मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 का शैलिंग प्रतिशत ज्यादा होने और गुणवत्तापूर्ण उपज प्राप्त होने की वजह से बाजार में अधिक कीमत मिलती है जिससे किसानों को अपनी मेहनत का बेहतर रिटर्न मिलता है.
स्टार 33 के पौधे नहीं गिरते: मक्के की उन्नत किस्म स्टार 33 की महत्वपूर्ण विशेषताओं में से एक विशेषता तने की मजबूती है. इस किस्म का तना काफी मजबूत होता है जिस वजह से तेज हवाओं और भारी बारिश की स्थिति में भी पौधे गिरते नहीं हैं बल्कि मजबूती से खड़े रहते हैं. नतीजतन, फसल बर्बाद नहीं होती है और किसानों को अच्छी उपज मिलती है.
मक्के की स्टार 33 किस्म की खेती करने से कम लागत और कम समय में ना सिर्फ बंपर उपज सुनिश्चित होती है बल्कि किसान जोखिम-मुक्त खेती का अनुभव भी करते हैं. ऐसे में किसान अपनी मक्के की खेती को स्टार 33 के साथ नया आयाम देने के साथ ही अपनी बेहतर आय सुनिश्चित कर सकते हैं.